यूरिया खाद लेने गये किसान के ऊपर पुलिस ने बरसाया डंडा देखते-देखते एन एच पर लगी भारी जाम
यूरिया खाद लेने गये किसान के ऊपर पुलिस ने बरसाया डंडा देखते-देखते एन एच पर लगी भारी जाम

संवाददाता अजय गुप्ता
विंढमगंज थाना क्षेत्र में यूरिया खाद की कमी से किसान काफी परेशान हैं। धान की रोपाई के बाद खाद की सख्त आवश्यकता है, लेकिन वितरण में गड़बड़ी और सीमित स्टॉक के चलते किसानों को निराशा झेलनी पड़ रही है।बुधवार की सुबह हजारों किसान खाद लेने पहुंचे थे। भीड़ को नियंत्रित करने में प्रशासनिक व्यवस्था लड़खड़ा गई। इसी दौरान खाद लेने लाइन में लगे ग्रामीण लक्ष्मण मौर्य ने आरोप लगाया कि “मैं भी लाइन में खड़ा था,तभी प्रशासन ने महिला और युवक को डंडे से मार दिया,जिससे स्थिति बिगड़ गई।

घटना के बाद किसानों ने प्रशासन मुर्दाबाद के नारे लगाने शुरू कर दिए और देखते ही यह बात किसानो सुना देखते राष्ट्रीय राजमार्ग पर जाम लग गया। सैकड़ों वाहन फंस गए।सूचना पर अतिरिक्त प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और किसानों को समझा-बुझाकर कैम्पस की ओर भेजा गया जिसके बाद जाम हट सका वहीं मेदनीखाड़ लैम्पस का भी यही हाल रहा किसान लालमन प्रसाद ने कहा, “200 बोरा खाद आया है

और किसान हजारों की संख्या में हैं, ऐसे में भगदड़ तो होगी ही। प्रशासन भी कुछ नहीं कर पा रहा है।स्थिति संभालने सचिव नारायण पटेल मौके पर पहुंचे, लेकिन भीड़ देखकर वापस लौट गए। किसानों का आरोप है कि लगातार कई दिनों से वे खाद के लिए भटक रहे हैं, जबकि उनकी फसल को नुकसान हो रहा है।किसानों का कहना है कि सरकार खाद उपलब्ध कराने में विफल है, जबकि अधिकारियों का दावा है कि पर्याप्त स्टॉक है।एडीओ ने बताया कि सहकारी समितियों में सीमित मात्रा में खाद पहुंच रही है। लंबी कतारों को देखते हुए प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में पारदर्शी तरीके से खाद का वितरण कराया जा रहा है।
