लावारिस लाशों के मसीहा जितेंद्र सिंह शंटी कौन? जिन्हें AAP ने दिया टिकट; बहन को देंगे टक्कर

दिल्ली विधानसभा चुनाव का बेशक अभी तक ऐलान नहीं हुआ है। मगर राजधानी में अभी से सियासी घमासान मचा है। कुछ नेता पार्टी की अदला-बदली में लगे हैं, तो सियासत छोड़ चुके कुछ नेताओं ने फिर से सत्ता में वापसी कर ली है।हम बात कर रहे हैं पूर्व बीजेपी नेता जीतेंद्र सिंह शंटी की। पद्मश्री से सम्मानित शंटी ने आम आदमी पार्टी ज्वॉइन कर ली। वहीं AAP ने उन्हें शाहदरा से टिकट दिया है। मगर इस सीट पर अब भाई और बहन की धमाकेदार टक्कर देखने को मिल सकती है।
2013 में बीजेपी से जीता चुनाव
दिल्ली की हॉट सीटों में गिनी जाने वाली शाहदरा विधानसभा सीट पर भाई-बहन के बीच कांटे की टक्कर हो सकती है। दरअसल 2013 में शंटी ने बीजेपी के टिकट पर यहां से चुनाव लड़ा था। इस चुनाव में बंपर जीत हासिल करके शंटी दिल्ली विधानसभा का हिस्सा बने। मगर अगले चुनाव में उन्हें रामनिवास गोयल के हाथों शिकस्त का सामना करना पड़ा था। ऐसे में शंटी ने सियासत से संन्यास लेकर समाजसेवा शुरू कर दी थी।
सियासत छोड़ समाजसेवा शुरू की
जीतेंद्र सिंह शंटी लावारिस लाशों का अंतिम संस्कार करवाते थे। बीमार लोगों को उनकी तरफ से फ्री एंबुलेंस सेवा दी जाती थी। इसके अलावा शंटी 100 से ज्यादा बार अपना ब्लड डोनेट कर चुके हैं। जहां शंटी समाजसेवा में पूरी तरह रम गए, तो वहीं उनकी बहन प्रीति ने आम आदमी पार्टी का दामन थाम लिया। यह कहानी 2022 की है, जब AAP ने प्रीति को नगर निगम चुनाव में खड़ा किया और उन्होंने शानदार जीत हासिल कर ली। हालांकि इसी साल सितंबर में प्रीति AAP छोड़कर बीजेपी में शामिल हो गई।
भाई-बहन का मुकाबला
वैसे तो बीजेपी ने अभी तक अपनी कोई लिस्ट जारी नहीं की है। मगर खबरों की मानें तो प्रीति भी शाहदरा से बीजेपी का टिकट पाने की रेस में शामिल हैं। ऐसे में अगर बीजेपी प्रीति को अपना उम्मीदवार घोषित करती है, तो शाहदरा का रण काफी दिलचस्प हो जाएगा। बता दें कि दिल्ली में अगले साल फरवरी 2025 में विधानसभा चुनाव होने की संभावना है।
