केरल में भारी बारिश की संभावना को देखते हुए स्कूल और कॉलेज को बंद करने का फैसला लिया गया

केरल में भारी बारिश की संभावना को देखते हुए स्कूल और कॉलेज को बंद करने का फैसला लिया गया है। प्रदेश के 7 जिलों में आज सभी स्कूल, कॉलेज और शैक्षणिक संस्थानों को बंद करने की घोषणा की गई है।त्रिशूर, मलप्पुरम, कोझिकोड, वायनाड, कन्नूर और कासरगोड जिलों में सभी शैक्षणिक संस्थान शुक्रवार, 2 अगस्त को बंद रहेंगे। प्रशासन की ओर से भारी बारिश की भविष्यवाणी के बाद यह निर्णय लिया गया है।

मौसम विभाग ने शनिवार तक वायनाड जिले के लिए ‘ऑरेंज’ अलर्ट जारी किया है। यहां लैंडस्लाइड के चलते पहले ही सैकड़ों लोगों की जान जा चुकी है। रिपोर्ट्स के अनुसार यहां आए भूस्खलनों में 290 से ज़्यादा लोगों की जान जा चुकी है।

पलक्कड़ जिले में डीएम ने शुक्रवार को स्कूलों, आंगनवाड़ी, ट्यूशन सेंटर और मदरसों में छुट्टी घोषित कर दी है। हालांकि कॉलेज और नवोदय जैसे आवासीय स्कूल चलते रहेंगे।

त्रिशूर डीएम अर्जुन पांडियन ने भारी बारिश, तेज हवाओं और जलभराव के कारण छुट्टी का आदेश दिया है। जिले के कई स्कूल राहत शिविरों के रूप में काम कर रहे हैं। हालांकिस परीक्षाएं और साक्षात्कार निर्धारित समय पर ही होंगे।

इडुक्की और एर्नाकुलम में स्कूल बनें राहत शिविर

इडुक्की और एर्नाकुलम जिलों में राहत शिविरों के रूप में इस्तेमाल किए जाने वाले स्कूलों में शुक्रवार को कक्षाएं नहीं लगेंगी। जिला अधिकारियों ने मौजूदा स्थिति को देखते हुए यह घोषणा की है।

वायनाड में रेस्क्यू ऑपरेशन जारी

वहीं वायनाड में बचावकर्मी ढही इमारतों में फंसे लोगों को खोजने के लिए चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में लगातार रेस्क्यू ऑपरेशन चला रहे हैं। यहां तीन दिन पहले भीषण भूस्खलन हुआ था। केरल के राजस्व मंत्री के राजन ने अब तक कम से कम 190 लोगों की मौत की पुष्टि की है।

वायनाड जिला प्रशासन ने बताया कि मृतकों में 27 बच्चे और 76 महिलाएं शामिल हैं। 225 से ज़्यादा लोग घायल हुए हैं जोकि मुख्य रूप से मुंदक्कई और चूरलमाला के हैं।

बचाव कार्य में कई तरह की बाधाओं का सामना करना पड़ता है। क्षतिग्रस्त सड़कों और पुलों के कारण पूरा क्षेत्र काफी खतरनाक हो गया है। भारी उपकरणों की कमी के कारण घरों और इमारतों से कीचड़ और उखड़े हुए पेड़ों को हटाने में भी काफी दिक्कत आ रही है।

युद्ध स्तर पर जुटी सेना

भारतीय सेना ने सीएल 24 बेली ब्रिज का निर्माण तेजी से पूरा कर लिया है। यह पुल इरुवानिपझा नदी पर चूरलमाला को मुंडक्कई से जोड़ता है। अब यह यातायात के लिए खुला गया है और लोगों का आवागमन शुरू हो गया है।

राहुल-प्रियंका ने किया दौरा

लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी और कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा ने गुरुवार को चूरलमाला का दौरा किया। राहुल गांधी ने इसे वायनाड के लिए एक भयानक त्रासदी बताया और क्षेत्र में व्यापक काम की आवश्यकता पर जोर दिया।

भारतीय मौसम विभाग का अनुमान है कि केरल में 5 अगस्त तक भारी बारिश जारी रहेगी। बचाव अभियान और सामान्य स्थिति बहाल करने के प्रयासों के बावजूद स्थिति गंभीर बनी हुई है।

Above Reporter Photo
[embedyt] https://www.youtube.com/embed?listType=playlist&list=UCYzEYpxh613jPw3luW3xiQA&layout=gallery[/embedyt]