गुवाहाटी में असम सिविल सेवा के एक वरिष्ठ अधिकारी को भ्रष्टाचार के आरोपों में गिरफ्तार किया गया

गुवाहाटी में असम सिविल सेवा के एक वरिष्ठ अधिकारी को भ्रष्टाचार के आरोपों में गिरफ्तार किया गया है। पुलिस अधिकारियों द्वारा शनिवार को दी गई जानकारी के अनुसार, आरोपी अधिकारी के ठिकानों से 1.66 करोड़ रुपये से अधिक की नकदी, 86 लाख रुपये से अधिक के फिक्स्ड डिपॉजिट और निवेश से जुड़े कई दस्तावेज बरामद किए गए हैं।
एनओसी देने के बदले मांगी थी रिश्वत
गिरफ्तार किए गए आरोपी अधिकारी की पहचान लचित कुमार दास के रूप में हुई है, जो गुवाहाटी में भूमि अभिलेख विभाग के अतिरिक्त निदेशक के पद पर तैनात थे। उन पर आरोप है कि उन्होंने जमीन बिक्री की अनुमति के लिए अनापत्ति प्रमाण पत्र जारी करने के बदले एक व्यक्ति से रिश्वत की मांग की थी।
शिकायत के अनुसार, दास ने इस एनओसी के लिए 1 लाख रुपये की रिश्वत मांगी थी। शिकायतकर्ता रिश्वत देने का इच्छुक नहीं था, इसलिए उसने इसकी शिकायत सतर्कता और भ्रष्टाचार विरोधी निदेशालय से कर दी।
ऑफिस के केबिन से रंगे हाथों दबोचे गए
शिकायत मिलने के बाद सतर्कता विभाग के जासूसों ने गुरुवार को गुवाहाटी स्थित एसीएस अधिकारी के दफ्तर में एक जाल (Trap) बिछाया। अधिकारी को उनके केबिन में ही रिश्वत की पहली किस्त के रूप में 45,000 रुपये स्वीकार करते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया गया। इस कार्रवाई के बाद निदेशालय द्वारा मामला दर्ज कर लिया गया।
दो घरों की तलाशी में खुला कुबेर का खजाना
गिरफ्तारी के बाद सतर्कता विभाग की टीमों ने गुवाहाटी में दास के दो अलग-अलग मकानों पर छापेमारी की। पहले सर्च ऑपरेशन के दौरान एक घर के अंदर रखे लॉकर से 48.38 लाख रुपये नकद बरामद हुए। इसके साथ ही अधिकारी और उनके परिवार के सदस्यों के नाम पर 80 लाख रुपये के फिक्स्ड डिपॉजिट के कागजात जब्त किए गए।
पुलिस अधिकारी ने बताया कि उनके और परिवार के नाम पर कई सामान्य जीवन बीमा पॉलिसियां और पोस्टल लाइफ इंश्योरेंस पॉलिसियां भी मिली हैं, साथ ही कई बैंक खातों और जमीनी संपत्तियों के दस्तावेज भी मिले हैं, जिनकी जांच चल रही है।
निदेशालय ने सोशल मीडिया पर जानकारी देते हुए बताया कि शुक्रवार को बेलटोला के रानीबागान स्थित क्वींस गार्डन में दास के दूसरे मकान की तलाशी ली गई। इस तलाशी में टीम को 1,18,30,000 रुपये की भारी नकदी और जमीन से जुड़े कुछ अन्य दस्तावेज बरामद हुए।
