एनसीएल खड़िया परियोजना के सीएचपी में नाबालिगों से काम कराने का आरोप, सुरक्षा व्यवस्था पर भी उठे सवाल
एनसीएल खड़िया परियोजना के सीएचपी में नाबालिगों से काम कराने का आरोप, सुरक्षा व्यवस्था पर भी उठे सवाल

राजू यादव क्राइम प्रधान संपादक
(शक्तिनगर)सोनभद्र। एनसीएल की खड़िया परियोजना के सीएचपी (कोल हैंडलिंग प्लांट) में ठेका पद्धति के तहत कथित रूप से नाबालिग बच्चों से कार्य कराए जाने का मामला सामने आया है। यदि यह आरोप सही पाया जाता है, तो यह न केवल श्रम कानूनों का गंभीर उल्लंघन होगा, बल्कि औद्योगिक सुरक्षा मानकों की भी खुली अनदेखी मानी जाएगी।
स्थानीय सूत्रों के अनुसार, सीएचपी क्षेत्र में कुछ ठेकेदारों द्वारा नाबालिगों से जोखिमपूर्ण कार्य कराए जा रहे हैं। वहीं यह भी आरोप है कि परियोजना परिसर में सुरक्षा नियमों का पालन पूरी तरह नहीं हो

रहा है। बताया जा रहा है कि कई स्थानों पर आवश्यक सुरक्षा उपकरणों और मानकों की अनदेखी की जा रही है, जिससे कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है।
आरोप यह भी हैं कि परियोजना की सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी प्रभावी ढंग से नहीं हो रही है। कुछ लोगों का कहना है कि संबंधित अधिकारी नियमित रूप से मौके का निरीक्षण करने के बजाय कार्यालय में बैठकर वॉकी-टॉकी के माध्यम से जानकारी लेते रहते हैं। इससे जमीनी स्तर पर सुरक्षा व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका जताई जा रही है।
विशेषज्ञों का कहना है कि खदान और सीएचपी जैसे संवेदनशील क्षेत्रों में छोटी-छोटी लापरवाहियां भी बड़े हादसों का कारण बन सकती हैं। ऐसे में नाबालिगों से कार्य कराना और सुरक्षा मानकों की अनदेखी करना अत्यंत गंभीर विषय है।
स्थानीय लोगों और श्रमिक संगठनों ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी ठेकेदारों एवं जिम्मेदार अधिकारियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की मांग की है। साथ ही परियोजना में सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत करने तथा श्रम कानूनों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने की अपील की है।
