पुलिस अधीक्षक द्वारा अपराध समीक्षा बैठक का आयोजन
पुलिस अधीक्षक द्वारा अपराध समीक्षा बैठक का आयोजन

आज दिनांक 13 अगस्त, 2025 को पुलिस अधीक्षक श्री मनीष खत्री द्वारा पुलिस अधीक्षक कार्यालय स्थित रूस्मतजी कॉन्फ्रेंसिंग हॉल में अपराध समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में पुलिस अधीक्षक अजाक रीवा रेंज, श्री अनिल सोनकर, नगर पुलिस अधीक्षक विंध्यनगर श्री पी.एस. परस्ते, अनुभाग विंध्यनगर, एसडीओपी सिंगरौली श्री गौरव पाण्डेय (भापुसे) एवं एसडीओपी देवसर श्रीमती गायत्री तिवारी एवं एसडीओपी चितरंगी श्री राहुल सैयाम व जिले के समस्त थाना एवं चौकी प्रभारी उपस्थित रहे।*

*सर्वप्रथम बैठक में पुलिस अधीक्षक, अजाक, रीवा रेंज, रीवा श्री अनिल सोनकर द्वारा अनुसूचित जाति/जनजाति अंतर्गत लंबित अपराधों, लंबित चालानों एवं लंबित राहत प्रकरणों की विस्तृत समीक्षा की गई एवं लंबित प्रकरणों का समय-सीमा में निराकरण हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश दिये गये।
*बैठक में पुलिस अधीक्षक द्वारा थानावार तुलनात्मक भा.द.वि., लघु अधिनियम एवं प्रतिबंधात्मक कार्यवाही की विस्तृत समीक्षा की गई। जिन शीर्षों में विगत वर्ष की तुलना में कम कार्यवाही पाई गई, वहां संबंधित थाना प्रभारी को अधिक से अधिक कार्यवाही करने, अपराधों के नियंत्रण एवं रोकथाम हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। गुम बालक/बालिकाओं की दस्तयाबी हेतु विशेष अभियान चलाकर हरसंभव प्रयास करने, थाना प्रभारी के साथ-साथ राजपत्रित अधिकारियों को भी पाबंद करने के निर्देश। अवैध शराब व मादक पदार्थों के विरूद्ध प्रभावी कार्यवाही करने एवं अवैध रेत उत्खनन व परिवहन पर पूर्णतः प्रतिबंध लगाये जाने के निर्देश दिये गये। इसी प्रकार अवैध गतिविधियों की सूचना प्राप्त होने पर त्वरित कार्यवाही करने के निर्देश दिये गये। माननीय आयोगों व वरिष्ठ कार्यालयों से प्राप्त शिकायतों तत्परतापूर्णक निराकरण करने एवं सी.एम. हेल्पलाइन लंबित शिकायतों की समीक्षा कर शीघ्र निराकरण हेतु निर्देश दिये गये। यातायात प्रबंधन एवं सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाये जाने एवं दुर्घटनाग्रस्त घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाने के लिये कम्यूनिकेशन प्लान तैयार करने के निर्देश दिये गये। सभी लंबित प्रकरणों को प्राथमिकता के आधार पर निपटाने के निर्देश दिये गए।
बैठक के अंत में पुलिस अधीक्षक श्री मनीष खत्री ने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे अपराध नियंत्रण, जनसुरक्षा, पारदर्शिता एवं संवेदनशीलता को अपनी प्राथमिक जिम्मेदारी मानकर कार्य करें, ताकि जिले में कानून-व्यवस्था सुदृढ़ बनी रहे।
