गाजा में कंडोम बांटने के लिए बाइडेन ने खोल दिया था खजाना, खर्च किए 4.3 अरब रुपये

अमेरिकी प्रेसिडेंट दफ्तर ‘व्हाइट हाउस’ की जिम्मेदारी डोनाल्ड ट्रंप के संभालते ही प्रशासनिक स्तर पर कई बदलाव हुए हैं, जिसमें सबसे ज्यादा चर्चाएं इस वक्त प्रेसिडेंट हाउस की सबसे युवा प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट की हो रही है.लेविट ने अपनी पहली ही प्रेस ब्रीफिंग में पूर्व राष्ट्रपति जो बाइडेन और उनके प्रशासन पर निशाना साधा है. उन्होंने आरोप लगाया है कि आम नागरिकों की गाढ़ी कमाई को बाइडेन प्रशासन ने फिलिस्तीनी क्षेत्र गाजा में मुस्लिमों के कंडोम के लिए खर्च कर दिया.
लेविट ने बाइडन प्रशासन की आलोचना करते हुए खुलासा किया कि पूर्ववर्ती प्रशासन ने 50 मिलियन डॉलर यानी 4.3 अरब रुपये गाजा में कंडोम पर खर्च किए थे. हालांकि, अधिकारी ने दावे को पुष्टि करने के लिए कोई सबूत नहीं दिया और बाइडेन के एक पूर्व सीनियर अधिकारी ने लेविट के इस बयान को ‘बुरा सपना’ कहकर खारिज कर दिया.
वहीं, इससे पहले ट्रंप प्रशासन ने बीते सप्ताह के आखिर में फिर से मूल्यांकन करने तक सभी विदेशी फंड पर रोक लगा दी है, जिसमें गाजा में कंडोम के लिए करोड़ों डॉलर की अमेरिकी फंडिंग और पाकिस्तान समेत कई देशों को दी जाने वाली विदेशी सहायता शामिल है.
पाकिस्तान समेत कई देशों को झटका
दरअसल, अमेरिकी विदेश मंत्रालय ने मानवीय खाद्य कार्यक्रमों और इजरायल व मिस्र को मिलने वाली सैन्य सहायता को छोड़कर दुनियाभर में करीब सभी विदेशी सहायता कार्यक्रमों को दी जाने वाली आर्थिक मदद पर रोक लगाने की घोषणा की. इसके बाद एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में इसका खुलासा किया गया. हालांकि, ट्रंप प्रशासन विदेशी फंड को जारी करने की नीति को फिर से मूल्यांकन करने की बात कही है.
DOGE ने किया खुलासा
व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव लेविट ने कहा कि फंडिंग योजना की खोज डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन के पहले सप्ताह में एलोन मस्क की अगुआई वाली सरकारी दक्षता विभाग (DOGE) और मैनेजमेंट, बजट कार्यालय (ओएमबी) द्वारा की गई थी, जिसमें फिलिस्तीनियों को 50 मिलियन डॉलर का कंडोम बांटने का खुलासा हुआ.
