न्यायमूर्ति राजीव शकधर आज हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट के नए मुख्य न्यायाधीश के पद की शपथ लेंगे

न्यायमूर्ति राजीव शकधर आज यानी बुधवार (25 सितंबर) को हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट के नए मुख्य न्यायाधीश के पद की शपथ लेंगे. शपथ ग्रहण समारोह सुबह 11:15 पर राजभवन में होगा.हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल नए मुख्य न्यायाधीश राजीव शकधर को शपथ दिलवाएंगे. खास बात है कि राजीव शकधर का कार्यकाल एक महीने से भी कम होगा. वह अगले महीने 18 अक्टूबर को ही रिटायर होने वाले हैं. इसके बाद न्यायमूर्ति राजीव शकधर की जगह न्यायमूर्ति जीएस संधवालिया लेंगे.
शकधर के बाद ये होंगे मुख्य न्यायधीश
पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट के सबसे वरिष्ठ न्यायमूर्ति जीएस संधवालिया को हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश बनाए जाने की सिफारिश सुप्रीम कोर्ट के कॉलेजियम की ओर से की गई है. न्यायमूर्ति संधवालिया की नियुक्ति राजीव शकधर की रिटायरमेंट के बाद होगी.
इससे पहले हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश रहे एम.एस. रामचंद्र राव थे. न्यायमूर्ति एम.एस. रामचंद्र राव का झारखंड हाईकोर्ट में मुख्य न्यायाधीश के तौर पर तबादला हो गया है. जिसके बाद अब वह झारखंड हाईकोर्ट में अपनी सेवाएं देंगे.
कौन हैं न्यायमूर्ति राजीव शकधर?
न्यायमूर्ति राजीव शकधर 11 अप्रैल 2008 को दिल्ली हाईकोर्ट के अतिरिक्त न्यायाधीश के रूप में नियुक्त हुए थे. 17 अक्तूबर 2011 उनके स्थाई न्यायाधीश के रूप में नियुक्ति हुई थी. साल 2016 में उनका मद्रास हाईकोर्ट में ट्रांसफर हो गया.
मद्रास हाईकोर्ट न्यायमूर्ति राजीव शकधर ने 11 अप्रैल 2016 तक अपनी सेवाएं दी. इसके बाद 15 जनवरी 2018 को उनका दिल्ली हाईकोर्ट में ट्रांसफर हो गया. अब न्यायमूर्ति राजीव शकधर हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश का पदभार संभालेंगे.
हिमाचल हाईकोर्ट का संक्षिप्त इतिहास
आजादी के बाद हिमाचल प्रदेश का गठन एक केंद्र शासित राज्य के रुप में हुआ था. 18 दिसंबर 1971 को संसद में हिमाचल प्रदेश एक्ट पास होने के बाद इसे एक पूर्ण राज्य का दर्ज मिला है. पूर्ण राज्य का दर्ज मिलने के बाद यहां पर नया हाईकोर्ट की स्थापित किया गया, जिसका मुख्यालय रेवेंसवुड शिमला था.
शुरुआत में हिमाचल हाईकोर्ट में एक मुख्य न्याधीश के साथ दो न्यायधीशों के पद सृजित के किए गए. बाद हिमाचल हाईकोर्ट में न्याधीशों की संख्या बढ़ाकर 13 कर दी गई. एमएच बेग हिमाचल हाईकोर्ट के पहले मुख्य न्यायधीश थे. उनका कार्यकाल 25 जनवरी 1971 से 9 दिसंबर 1971 तक रहा.
