शिवरात्रि के दिन ही मिला था महर्षि दयानन्द को ज्ञान
शिवरात्रि के दिन ही मिला था महर्षि दयानन्द को ज्ञान
बीना परियोजना आवासीय परिसर स्थित डीएवी बीना में महाशिवरात्रि पर्व पर महर्षि दयानंद के बोध दिवस को हर्षोल्लास से मनाया गया।
मान्यता है कि शिवरात्रि के दिन बालक मूलशंकर के अंदर छिपे दयानंद स्वामी का चरित्र उजागर हुआ था। टंकारा में अपने घर के मंदिर में शिवरात्रि के दिन प्रतिमा पर मूषक को देखकर बोध होने पर सद्गुरु की खोज में घर से निकल गये थे। मथुरा में पहुँचकर गुरु

विरजानंद के सानिध्य में दयानंद धर्म पताका विश्व भर में फहराने में सफल रहे।
शिवरात्रि अर्थात् बोध दिवस पर शुक्रवार की सुबह डीएवी बीना के प्रांगण में हवन का आयोजन किया गया। प्रधानाचार्य श्री अशोक कुमार शर्मा ने मुख्य यजमान के रूप में यज्ञ कुंड में आहुतियां डालकर सभी शिक्षकों के साथ हवन किया।
