मोहन यादव कैबिनेट का फैसला: विधायकों को मिलेगा नया आशियाना, सिंग्रामपुर में होगी मंत्री परिषद की बैठक

मध्य प्रदेश विधानसभा के अध्यक्ष और नेता प्रतिपक्ष अब अपना इनकम टैक्स खुद भरेंगे। अब तक विधानसभा के अध्यक्ष और नेता प्रतिपक्ष का इनकम टैक्स सरकार भरती आई है। कैबिनेट की बैठक में किसान ई प्रोक्योरमेंट पोर्टल पर सोयाबीन खरीदी के लिए कराए जाने वाले पंजीयन को मंजूरी दी गई है।
सरकार ने इसके साथ ही एमएलए रेस्ट हाउस को तोड़कर 102 नए विधायक आवास बनाने का भी फैसला किया है और इसके लिए 159 करोड़ रुपए की मंजूरी दी है।
इसके साथ ही मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने कहा है कि 5 अक्टूबर की मंत्री परिषद की बैठक दमोह जिले के सिंग्रामपुर में होगी। यह रानी दुर्गावती के प्रति राज्य सरकार का द्वारा सम्मान का प्रकटीकरण है सिंग्रामपुर वीरांगना रानी दुर्गावती की राजधानी रहा है।
उन्होंने कहा कि इस वर्ष दशहरा शस्त्र पूजन के साथ मनाया जाएगा । सभी मंत्री अपने प्रभार के जिलों के पुलिस के शस्त्रागार में शस्त्र पूजन करेंगे। इसके साथ ही मुख्यमंत्री, स्त्री शक्ति और समर्थ के प्रति सम्मान के रूप में लोकमाता अहिल्या देवी की राजधानी महेश्वर में दशहरे पर शस्त्र पू?कैबिनेट के फैसलों की जानकारी देते हुए डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ल ने बताया कि सरकार मार्कफेड के माध्यम से सोयाबीन खरीदेगी।
बैठक में प्रदेश में किसानों से समर्थन मूल्य पर सोयाबीन खरीदी का कार्य 25 अक्टूबर से 31 दिसंबर तक कराए जाने और किसान ई-प्रोक्योरमेंट पोर्टल पर 25 सितंबर से 20 अक्टूबर तक पंजीयन कराने को मंजूरी दी गई। इसके लिए 1400 उपार्जन केंद्र बनाए जाएंगे।
केंद्र से मिलेंगे सात हजार करोड़
सरकार ने सोयाबीन का न्यूनतम समर्थन मूल्य 4892 रुपए तय किया है। केंद्र सरकार ने मध्य प्रदेश को 13.16 लाख मीट्रिक टन सोयाबीन खरीदी को मंजूरी दी है। इसके लिए केंद्र सरकार एमपी को 7000 करोड़ रुपए देगी। चालू सीजन में प्रदेश में 50 लाख मीट्रिक टन से ज्यादा सोयाबीन उत्पादन का अनुमान है। मार्कफेड बैंक से 1100 करोड़ रुपए का लोन लेगा।
नया विधायक आवास स्वीकृत, 159 करोड़ खर्च होंगे
मध्य प्रदेश की कैबिनेट ने आज विधायक आवास निर्माण के लिए 159.13 करोड़ रुपए की स्वीकृति दी है। डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ल ने बताया कि भोपाल में नए विधायक आवास बनाए जाएंगे, जो वर्तमान विधायक विश्राम गृह के स्थान पर होंगे। नए आवास 5 ब्लॉक में 102 इकाइयों के रूप में विकसित किए जाएंगे।
विधानसभा अध्यक्ष ने इस प्रस्ताव का समर्थन किया था। मौजूदा विधायक विश्राम गृह में केवल वन बीएचके की सुविधा उपलब्ध है। नए आवासों का निर्माण पुराने पारिवारिक खंड और शॉपिंग स्थल के स्थान पर किया जाएगा। निर्माण स्थल का कुल क्षेत्रफल 3615 वर्ग फीट होगा। इन आवासों का निर्माण लोक निर्माण विभाग द्वारा किया जाएगा।
शिप्रा को निर्मल बनाने के लिए कान्ह नदी का डायवर्जन
बैठक में शिप्रा और कान्ह नदी के डायवर्जन पर भी चर्चा हुई। डिप्टी सीएम ने बताया कि कान्ह नदी का डायवर्जन 919 करोड़ रुपए की लागत से किया जाएगा। इस परियोजना के अंतर्गत कान्ह नदी को डायवर्ट करके गंभीर नदी में मिलाया जाएगा, जिससे शिप्रा नदी में कान्ह नदी का गंदा पानी नहीं पहुंच सकेगा।
इसके साथ ही, कान्ह और पार्वती नदियों को जोड़ने का कार्य भी किया जाएगा। पहले इस योजना का अनुमानित खर्च 479 करोड़ रुपए था, लेकिन अब इसकी लागत बढ़कर 919 करोड़ रुपए हो गई है। इन दोनों निर्णयों से न केवल विधायकों को बेहतर आवास मिलेंगे, बल्कि शिप्रा नदी के जल प्रदूषण को भी कम करने में मदद मिलेगी, जिससे स्थानीय पर्यावरण को संरक्षण मिलेगा।
